Home Trending Videos Photos

जानिये PhysicsWallah के फाउंडर अलख पांडे की फर्श से अर्श तक की कहानी

ये एक ऐसा स्टार्टअप है जिसके फ़ैन्स भारत, पाकिस्तान, बांग्लादेश में भी मौजदू हैं। अलख पांडे का एड टेक स्टार्ट अप PhysicsWallah एक ऐसा नाम है जिसे भारत ही नहीं, पड़ोसी देशों के छात्र भी जानते हैं। PhysicsWallah भारत का 101वां यूनिकॉर्न बन गया है।

जानिये physicswallah के फाउंडर अलख पांडे की फर्श से अर्श तक की कहानी
Source: Google

प्रयागराज, उत्तर प्रदेश के अलख पांडे कभी 5000 रुपये में घर चलाने को मजबूर थे, और अब उन्हें $100 मिलियन (777 करोड़ रुपये) की फ़ंडिंग मिल चुकी है। स्टॉक मार्केट में लिस्टिंग के बिना ही जिन कंपनियों का वैल्युएशन $1 बिलियन डॉलर हो जाता है उन्हें यूनिकॉर्न कंपनियां कहते हैं।

शुरुआत 2014 से की PhysicsWallah ने

2016 में PhysicsWallah नाम से यूट्यूब चैनल शुरू किया था। आज इस कंपनी का वैल्यूएशन $1 बिलियन (8,551 करोड़ रुपये) है।

The Times of India के लेख के अनुसार, प्रयागराज के इस आम से लड़के की कहानी आज सुनने पढ़ने में बड़ी ही प्रेरणादायक लगती है लेकिन उसने जीवन में कई उतार-चढ़ाव देखे, एक वक्त था जब रोज़मर्रा की ज़िन्दगी भी ठीक से नहीं चल पाती थी।

जानिये physicswallah के फाउंडर अलख पांडे की फर्श से अर्श तक की कहानी
Source: Google

उनके पिता जी को अपना घर तक बेचना पड़ा था

अलख पांडे के घर की आर्थिक स्थिति बहुत खराब थी। जब वे 6ठी कक्षा में थे तब उनके पिता को अपना घर बेचना पड़ गया था। परिवार की मदद करने के लिए वे बचपन से ही काम करने लग गए थे।

अलख 8वीं कक्षा में थे तभी से बच्चों को ट्यूशन देना शुरू कर दिया, और पढ़ाने का ये नशा उनके सिर चढ़ कर बोल रहा था।

मै इंडिया का सबसे अच्छा Physics Teacher बनुँगा 2016 तक

अलख पांडे ने बताया कि उन्हें एक्टिंग और फ़िज़िक्स दोनों से बहुत ही ज्यादा प्यार है और ये उनके पढ़ाने के तरीके में भी नज़र आता है। रियल लाइफ उदाहरण देकर वे बच्चों को पढ़ाते हैं और उनके लिए ये पहाड़ सा लगने वाला विषय आसान बनाते हैं।

Read Also -   गोरखपुर की मुस्लिम बेटी ऐमन जमाल बनी IPS, छोड़ा था अधिकारी का पद, मुस्लिम लड़कियों के लिए बनी प्रेरणा

अलख ने बताया कि उन्होंने अपने 12वीं की एक कॉपी में लिख रखा था, ‘2016 तक मैं भारत का सबसे बड़ा फ़िज़िक्स टीचर बनूंगा।

जानिये physicswallah के फाउंडर अलख पांडे की फर्श से अर्श तक की कहानी
Source: Google

पढ़ाई छोड़कर कर ली नौकरी

अलख पांडे ने इंजीनियरिंग के लिए कानपुर के एक कॉलेज में दाखिला लिया था। पांडे ने बीच में ही पढ़ाई छोड़ दी और लौटकर इलाहाबाद आ गए। यहां उन्होंने 5000 रुपये की पगार पर एक कोचिंग इंस्टीट्यूट में पढ़ाना शुरू किया। इसके साथ ही उन्होंने अपना यूट्यूब चैनल पर भी कंटेंट डालना जारी रखा।

2 मिलियन सब्सक्राइबर हो गए थे 2019 तक

2017 में अलख के चैनल के सिर्फ़ 4000 सब्सक्राइबर्स थे। 2019 में ये बढ़कर 2 मिलियन हो गए। 2020 में कोविड की मार झेल रहे छात्रों में ऑनलाइन कोचिंग की डिमांड बढ़ी। अलख ने भी PhysicsWallah ऐप लॉन्च कर दिया। जहां एक तरफ़ अन्य प्लेटफॉर्म्स लाखों की फ़ीस ले रहे थे, अलख सिर्फ़ 999 रुपये में सभी को पढ़ा रहे थे।

अलख कहते है कि, ‘मैं चाहता हूं कि गरीब छात्र भी सरलता से फ़िज़िक्स पढ़ सकें, इसलिए मैंने अपना यूट्यूब चैनल बनाया। ‘

अलख ने जानकारी दी कि कई एड टेक कंपनिया उन्हें करोड़ों पैकेज दे रही है। उनके साथ काम करने वाले टीचर्स तक को रख लिया लेकिन अलख के अंदर जो पढ़ाने की ललक है वो अभी भी कायम है और आगे भी कायम रहेगी।

Share your love